सेना ने किया स्प्ष्ट, प्रधानमंत्री मोदी की हॉस्पिटल की वायरल तस्वीरें नहीं हैं फेक।
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शुक्रवार को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने लद्दाख का अकस्मात दौरा किया था। जिसकी कई तस्वीरें सोशल मीडिया पर वायरल भी हुई थी। इनमें से कुछ तस्वीरें ऐसी थी, जिसमें प्रधानमंत्री मोदी आर्मी के एक हॉस्पिटल में जाकर हिंसक झड़प में घायल हुए जवानों से मुलाक़ात करते हुई नजर आ रहे थे। प्रधानमंत्री मोदी की हॉस्पिटल की ये तस्वीरें वायरल होने के बाद से ही विपक्ष के निशाने पर आ गयी थी। सोशल मीडिया पर प्रधानमंत्री मोदी की इन तस्वीरों को लेकर तरह तरह के सवाल उठाए जा रहे हैं। जिनमे से कुछ लोगों द्वारा इसे प्रधानमंत्री की सोची समझी चाल के तहत करवाया गया फेक फोटोशूट बताया जा रहा था। प्रधानमंत्री मोदी की हॉस्पिटल की ये तस्वीरें वायरल होने के बाद से सोशल मीडिया पर बहस का मुद्दा बनी हुई थी। हालाँकि अब इस पूरे मामले पर आर्मी ने सफाई देते हुए कहा कि यह वॉर्ड जनरल हॉस्पिटल कॉम्पलेक्स का ही हिस्सा है। साथ ही आर्मी ने यह भी साफ़ किया कि प्रधानमंत्री मोदी ने जिन जवानों से बातचीत की थी उनका अस्पताल में इलाज चल रहा है।

क्यों हो रहा था तस्वीरों पर विवाद
दरअसल सोशल मीडिया पर प्रधानमंत्री मोदी की हॉस्पिटल की जो तस्वीरें वायरल हो रही थी उनमें मेडिकल इक्विपमेंट, पानी की बोतल और अस्पताल में दिख रहे प्रोजक्टर के ऊपर विपक्ष की तरफ से लगातार हमला हो रहा था। इन तस्वीरों को फेक और मौके को भुनाने के लिए इस्तेमाल किये जाने वाला बताया गया था। सोशल मीडिया पर कई यूजर्स ने चिकित्सा केंद्र को लेकर कई तरह के पश्न उठाये थे और कई टिप्पणियां की थीं। कुछ यूजर्स का तो यहाँ तक कहना था कि यह अस्पताल की तरह दिखता ही नहीं। तो कुछ का कहना था अस्पताल में मरीजों के बीच प्रधानमंत्री माइक ले कर क्या कर रहे हैं। वहीं कुछ यूजर्स का कहना था, इसमें न कोई चिकित्स्क मौजूद है, न ही कोई चिकित्सकीय उपकरण और न ही कोई जरुरी मेडिकल सुविधाएं उपलब्ध हैं। यहाँ तक कि कुछ यूजर्स ने तो घायल मरीजों के ऊपर ही सवाल उठाते हुए कहा कि एक जैसी अवस्था में बैठे क्यों है?

पूरे मामले पर सेना का क्या है कहना
सोशल मीडिया पर इन तस्वीरों को लेकर चल रही तमात अटकलों पर विराम लगाते हुए सेना ने कहा कि कि कोविड प्रोटोकोल के तहत जनरल अस्पताल के कुछ वार्डों को आइसोलेशन वार्ड में परिवर्तित करना पड़ा है। जिस अस्पताल में प्रधानमंत्री मोदी घायल सैनिकों से मिले थे, वह हॉस्पिटल के जनरल वॉर्ड का कॉम्पलेक्स हिस्सा था जिसे लेकर गलत आरोप लगाए जा रहे हैं। सेना ने कहा यह दुखद है कि कुछ लोग सैनिकों के इलाज पर सवाल उठा रहे हैं। सेना सदैव अपने जवानों को सर्वोत्तम इलाज देती है।

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