शादी के एक दशक बाद महिला निकली पुरुष तनाव ग्रस्त हुए पति-पत्नी।
TRENDING
  • 11:25 PM » Pet mein jalan ka upay : पेट में जलन की समस्या को दूर करने के घरेलू उपाय.
  • 11:23 PM » 10 Lines on gandhi jayanti in Hindi : गाँधी जयंती पर 10 लाइन निबंध।
  • 11:13 PM » प्रेगनेंसी टेस्ट के दौरान यदि पहली लाइन डार्क और दूसरी लाइन हल्की होने के कारण : Prega news me halki line ka matlab.
  • 11:54 PM » 10 lines on dussehra in hindi : दशहरे पर 10 लाइन निबंध।
  • 11:31 PM » Dry mouth home remedies in hindi : मुंह सूखने के घरेलू उपाय।

पश्चिम बंगाल के बीरभूम जिले से एक अजीबोगरीब और चौंकाने वाला मामला सामने आया है। यहाँ जब एक विवाहित 30 वर्षीय महिला को पेट के निचले हिस्से में दर्द की असहनीय शिकायत हुई, तो परिवार वालों ने उसे अस्पताल ले जाने का फैसला लिया। लेकिन अस्पताल में चेकअप के बाद जो रिपोर्ट आयी वो बेहद ही चौंकाने वाला थी। महिला के चेकअप के दौरान पता चला कि वास्तव में वह पुरुष है और उसके अंडकोष में कैंसर है। बता दें कि पश्चिम बंगाल कि उक्त 30 वर्षीय महिला पिछले नौ साल से सुखी वैवाहिक जीवन व्यतीत कर रही थी। लेकिन पिछले कुछ महीने से महिला को पेट में दर्द की शिकायत होने लगी थी। जिसके चलते परिवार वालों ने उसे शहर के नेताजी सुभाष चंद्र बोस अस्पताल ले जाने का फैसला किया, जहां डॉ. अनुपम दत्ता और डॉ सौमन दास द्वारा चिकित्सकीय परीक्षण करने पर यह बात सामने आयी कि उक्त महिला वास्तव में एक पुरुष है।

डॉ दत्ता ने PTI-भाषा को बतया कि, देखने में वह महिला है। आवाज, स्तन, सामान्य जननांग इत्यादि सब कुछ महिला के हैं। हालांकि, उसके शरीर में जन्म से ही गर्भाशय(uterus) और अंडाशय (ovary) नहीं है। महिला को कभी माहवारी भी नहीं हुई। उन्होंने कहा कि यह दुर्लभ स्थिति है और अमूमन 22,000 लोगों में से एक में पाई जाती है। महिला के परीक्षणों की रिपोर्ट्स में इस बात का खुलासा हुआ कि महिला के पास “ब्लाइंड वजाइना” है। जिसके बाद डॉक्टरों ने कैरियोटाइपिंग टेस्ट आयोजित करने का फैसला किया। जिसमे यह बात निकली कि उक्त महिला वास्तव में एक पुरुष है।

इन सब के बीच सबसे ज्यादा हैरान कर देने वाली बात यह निकली कि आश्चर्यजनक रूप से उक्त महिला की 28 वर्षीय बहन की जांच में भी यही स्थिति सामने आई है, जिसमें व्यक्ति जेनेटिकली पुरुष होता है। इस अवस्था को “एण्ड्रोजन असंवेदनशीलता सिंड्रोम” कहते हैं। यह एक ऐसी अवस्था होती है जिसमे व्यक्ति के बाह्य अंग महिला के होते हैं लेकिन जेनेटिकली व्यक्ति पुरुष होता है। डॉ दत्ता के मुताबिक उक्त महिला की कीमोथेरेपी की जा रही है और उसकी हालत स्थिर है।

बहरहाल इस पूरे मामले के सामने आने के बाद उक्त महिला और उनके पति मानसिक तनाव कि स्तिथि से गुजर रहे हैं। डॉ. दत्‍ता ने मुताबिक वह लगभग एक दशक से एक व्‍यक्ति के साथ विवाहित है। ताजा हालत को देखते हुए महिला और उसके पति को काउंसलिंग दी जा रही है। साथ ही उह्नें यह समझाया जा रहा है कि आगे आने वाले समय में उसी प्रकार जीवन बिताएं जैसे अब तक व्यतीत कर रहे थे। डॉक्टर ने कहा कि मरीज की दो अन्य रिश्तेदारों (दो मौसियों) को भी अतीत में एंड्रोजन असंवेदनशीलता सिंड्रोम की समस्या रही है, इसलिए यह जीन जनित समस्या जान पड़ती है।

थम नहीं रही कोरोना की रफ्तार, देश में कोरोना संक्रमितों की संख्या 5 लाख के पार।

ऐसी महत्पूर्ण खबरों को अपने दोस्तों और परिवार के सदस्यों के साथ शेयर करना ना भूलें। 

ऐसी महत्पूर्ण खबरों के लिए आज ही हमसे जुड़े :- 

Instagram
Facebook
Twitter
Pinterest

  •  
  • 1
  •  
  •  
  •  
RELATED ARTICLES
LEAVE A COMMENT